परेश रावल
May 30, 1950
12:00:00
Ahmedabad
72 E 40
23 N 3
5.5
Unknown
अप्रामाणिक स्रोत (अ.स्रो.)
परेश रावल कभी भी मित्रों को नहीं भूलते। परिणामस्वरूप,परेश रावल की एक बड़ी मित्र मण्डली है, जिसमें से कई विदेशी भाषा बोलने में सक्षम हैं। इसी बड़े मित्र समूह से परेश रावल अपना जीवनसाथी चुनेंगे। परेश रावल की यह पसन्द परेश रावल के परिचितों को आश्चर्यचकित कर देगी। परेश रावल अरामपूर्वक विवाह करेंगे, लेकिन अन्य लोगों की तरह विवाह परेश रावल के लिये सब कुछ नहीं होगा। अन्य कई विचलन ऐसे भी होंगे, जो परेश रावल का ध्यान घर से हटाएंगे। यदि परेश रावल का जीवनसाथी इस झुकाव को कम करने का प्रयत्न करेगा, तो यह परेश रावल के पारिवारिक जीवन के लिये खतरा साबित हो सकता है।
परेश रावल के लिये आराम की विशेष महत्ता है। परिणामस्वरूप, परेश रावल स्वादलोलुप हैं और भोजन का पूर्ण आनन्द उठाते हैं। निश्चित तौर पर परेश रावल जीने के लिये नहीं खाते, अपितु खाने के लिये जीते हैं। इसमें कोई आश्चर्य नहीं है कि पाचन-तन्त्र परेश रावल के शरीर का ऐसा भाग है, जो परेश रावल को सर्वाधिक परेशानी देगा। परेश रावल को अपच जैसी बीमारियों को अनदेखा नहीं करना चाहिए और जब वे आती हैं, तो उन्हें दवाओं के द्वारा ठीक करने का प्रयत्न नहीं करना चाहिए। परेश रावल को सैर एवं हल्का व्यायाम करना चाहिए। हमारी परेश रावल को यह सलाह है कि परेश रावल पर्याप्त ताजी हवा लें, भोजन पर नियन्त्रण रखें और फलों का सेवन करें। परन्तु यदि फिर भी कोई लाभ न हो, तो चिकित्सक के पास जाने से न झिझकें। पचास साल की आयु के पश्चात् आलस्य जैसे रोगों से दूर रहें। परेश रावल की चीजों को छोड़ने की आदत के कारण परेश रावल जिन्दगी से दूर होत जाएंगे। अपनी वस्तुओं में रूचि रखें, अपनी रुचियों का विकास करें एवं ध्यान रखें कि अगरपरेश रावल युवा-मण्डली में रहते हैं, तो परेश रावल कभी भी उम्र का शिकार नहीं होेते।
फुरसत के लम्हे परेश रावल के लिये विशेष महत्व रखता है तथा परेश रावल उन लम्हों को नष्ट नहीं करना चाहते, चाहे परेश रावल कितने भी व्यस्त क्यों न हों। निश्चय ही यह परेश रावल की बुद्धिमत्ता है, कि परेश रावल अपने समय का अधिकतम भाग खुली हवा में बिताना चाहते हैं। परेश रावल थकावट भरे खेल पसन्द नहीं करते हैं। लेकिन सैर, फिशिंग, अध्ययन जैसे समय बिताने के कार्य परेश रावल को पसन्द हैं।